आगरा में महंगाई की मार पुलिस की वर्दी पर भी पड़ी, वर्दी से लेकर टोपी, बेल्ट और जूता तक महंगा

महंगाई की मार पुलिस की वर्दी पर भी पड़ी है। उसकी वर्दी से लेकर टोपी, बेल्ट और जूता तक महंगा हुआ है। कांस्टेबिल काे हर वर्ष तीन हजार वर्दी भत्ता मिलता है। जबकि उप निरीक्षक को करीब पांच हजार रुपये मिलते हैं।

एक पुलिसकर्मी अमूमन साल में चार वर्दी सिलवाता है। इसमें दो वर्दी जाड़े और दो गर्मी के लिए होती हैं। क्योंकि वर्दी को बदल-बदलकर पहनना होता है। पुलिसकर्मी सात से आठ महीने सामान्य वर्दी पहनता है। जबकि जाड़े के दिनों में वह चार महीने गरम वर्दी पहनता है। गर्मी में वदी सबसे ज्यादा बदलनी होती है, जिसके चलते हर वर्ष दो से तीन वर्दी बनवानी होती हैं।

वर्दी की कीमतों में बढोत्तरी (मूल्य प्रति मीटर)

गर्मी की वर्दी      वर्ष 2020-21       वर्ष 2022

ब्रांडेड कपड़ा        400 रुपये        475 रुपये

मीडियम               300 रुपये        375 रुपये

सामान्य                250 रुपये         275 रुपये

जूता                    1300 रुपये       1500 रुपये

जाड़े की वर्दी       वर्ष 2020-21                वर्ष 2022

गरम शर्ट            700 से 1700 रुपये     800 से 1900 रुपये

गरम पैंट           1700 से 1800 रुपये    1850 से 1950 रुपये

तैयार टेरीकाट पैंट     800 रुपये                  850 रुपये

पुलिस लाइन मार्ग पर महेश चंद की टेलरिंग की दुकान है। वह पुलिस की वर्दी की सिलाई का ही काम करते हैं। महेश चंद बताते हैं कि वर्दी के कपड़े की कीमत भले ही बढ़ गई हो, सिलाई की कीमत कम करनी पड़ी है। पहले वह एक वर्दी की सिलाई के आठ सौ रुपये लेते थे।